दिल्ली की सीएम रेखा गुप्ता ने बारापुला फेज-3 के निर्माण की प्रगति देखी
- Jantantra Live

- 16 दिस॰ 2025
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सुनहरी पुल नाला के डी-सिल्टिंग कार्यों का भी मौके पर जाकर निरीक्षण किया

नई दिल्ली। दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने मंगलवार को दक्षिणी दिल्ली और पूर्वी दिल्ली को जोड़ने वाले निर्माणाधीन बारापुला ब्रिज, फेज-3 के निर्माण कार्य की भी मौके पर जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को कार्यों की गुणवत्ता, गति और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के स्पष्ट निर्देश दिए। उन्होंने यह भी कहा कि दिल्ली सरकार पिछली सरकारों द्वारा छोड़ी गई लिगेसी (पुरानी) समस्याओं का समाधान कर रही है। पूर्व सरकार कई अधूरी व अवैज्ञानिक योजनाएं छोड़कर गई हैं, जिनमे ये दोनों भी शामिल हैं। सीएम के साथ कैबिनेट मंत्री प्रवेश साहिब सिंह व संबंधित विभाग के वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे। सीएम ने कहा कि यह परियोजना दिल्ली की यातायात व्यवस्था को नई दिशा देगी। यह एलिवेटेड कॉरिडोर सराय काले खां को मयूर विहार-क से जोड़ेगा। इसके तहत सराय काले खां से मयूर विहार तक डक्ट सहित उन्नत सड़क का निर्माण किया जाएगा। लगभग 13.3 किलोमीटर लम्बे इस 6-लेन कॉरिडोर में 4.3 किलोमीटर लंबी साइकिल ट्रैक की सुविधा भी उपलब्ध होगी। इसके अतिरिक्त, परियोजना में 500 मीटर लंबा 6-लेन का एक्स्ट्रा डोज ब्रिज शामिल है, जो देश का पहला ऐसा पुल होगा, जिसमें दोनों ओर डेडिकेटेड वॉकवे और साइकिल ट्रैक बनाए गए हैं।
उन्होंने कहा कि इसके नीचे सुनहरी नाला (बारापुला ड्रेन) से जुड़ी कॉलोनियों को हर मानसून में भारी जलभराव की समस्या का सामना करना पड़ता रहा है, जिसके समाधान के लिए इस एक किलोमीटर लंबे नाले से 50 हजार मीट्रिक टन गाद निकाली जानी है, जिसमें से करीब 14 हजार मीट्रिक टन गाद निकाल ली गई है। इस नाले की सफाई के लिए न तो उचित आउटलेट और स्लैब सिस्टम बनाए गए, जिस कारण भारी मात्रा में गाद जमा होने से आसपास की कॉलोनियों को मॉनसून के दौरान गंभीर जलभराव की समस्या का सामना करना पड़ रहा था। मुख्यमंत्री के अनुसार दिल्ली मेट्रो रेल निगम इसकी सफाई कर रहा है और उम्मीद है कि अगले साल मॉनसून से पहले इस नाले का पूरी तरह साफ कर लिया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस पूरे मामले का आॅडिट किया जाएगा, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि भविष्य की सफाई व्यवस्था सुनिश्चित किए बिना इतने बड़े ड्रेन का निर्माण कैसे किया गया। मुख्यमंत्री ने बताया कि बारापुला कॉरिडोर ईस्ट दिल्ली (मयूर विहार) से साउथ दिल्ली (एम्स) के बीच कनेक्टिविटी को सुगम बनाएगा और सिग्नल-फ्री कॉरिडोर प्रदान करेगा। यह मौजूदा डीएनडी फ्लाईओवर और एनएच-24 पर यातायात के बोझ को कम करेगा और प्रतिदिन लगभग 1।5 लाख वाहनों को सुगम आवागमन की सुविधा मिलेगी। योजना में आधुनिक निर्माण तकनीक और उच्च गुणवत्ता की सामग्री का उपयोग किया जा रहा है, ताकि संरचना मजबूत, सुरक्षित और दीर्घकालिक बनी रहे। इस अवसर पर दिल्ली के पीडब्ल्यूडी व जल मंत्री प्रवेश साहिब सिंह ने कहा कि इस परियोजना में लगातार पिछली सरकार द्वारा की गई लापरवाही के कारण वर्षों की देरी हुई। वर्तमान सरकार ने मामले पर लगातार निगरानी रखी और अब सभी आवश्यक अनुमतियाँ प्राप्त हो चुकी हैं। परियोजना को समय पर पूरा करने के लिए स्पष्ट निर्देश जारी किए गए हैं।



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