दिल्ली: 1984 सिख दंगों के पीड़ितों को राहत
- Jantantra Live

- 12 दिस॰ 2025
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दिल्ली CM रेखा गुप्ता ने 1984 के दंगों के पीड़ितों के परिजनों को नियुक्ति पत्र सौंपे

नई दिल्ली। दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शुक्रवार को 1984 के सिख विरोधी दंगों से प्रभावित लोगों के 36 परिवार वालों को अपॉइंटमेंट लेटर सौंपे। इवेंट के दौरान, उन्होंने कहा कि कोई भी सरकारी मदद पीड़ितों के सदमे को खत्म नहीं कर सकती, लेकिन उनका प्रशासन गरिमा और न्याय के साथ उनका साथ देने के लिए प्रतिबद्ध है। कार्यक्रम में मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा भी मौजूद रहे। सभा को संबोधित करते हुए सीएम रेखा गुप्ता ने हिंसा से जुड़ी अपने बचपन की यादें बताईं। उन्होंने कहा, ''जब 1984 के दंगे हुए, तब मैं करीब 10 साल की थी। सब लोग डरे हुए थे। लोग अपनी पहचान छिपा रहे थे। हम सबने वे भयानक दृश्य देखे हैं। उन दृश्यों को कभी भुलाया नहीं जा सकता।'' दिल्ली सीएम ने आगे कहा, ''कोई भी मदद उन दिनों के दर्द को पूरी तरह कम नहीं कर सकती, लेकिन सरकार को पीड़ितों के साथ खड़ा होना चाहिए।'' उन्होंने दंगों से जुड़ी कानूनी कार्यवाही में हुई प्रगति का श्रेय केंद्र सरकार को दिया। उन्होंने कहा कि पीड़ितों को उनका हक दिलाने में वह खुद को केवल एक माध्यम मानती हैं। उन्होंने आगे कहा, ''हम सिर्फ उस दर्द को कम करना चाहते हैं जो दिल्ली इतने लंबे समय से झेल रही है। हम इन परिवारों के लिए ईमानदारी से काम करना चाहते हैं।'' उन्होंने बताया कि सभी नियमों का सरलीकरण कर हर पीड़ित परिवार से एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने का फैसला लिया गया। उम्र और शिक्षा से जुड़ी बंदिशें हटाई गईं ताकि वास्तविक रूप से जरूरतमंदों को राहत मिल सके।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पीड़ित परिवार पिछली सरकारों में काफी समय से विभिन्न दरवाजे खटखटाते रहे और अपनी तकलीफें बताते रहे। लेकिन मुझे खुशी है कि गुरु साहब ने ये सेवा हमें दी। सरकार की ओर से जारी शेष सूची के तहत भी जल्द नियुक्ति पत्र बांटे जाएंगे। इस अवसर पर मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने लंबे समय से अटके पुनर्वास उपायों को प्राथमिकता देने के लिए दिल्ली की मुख्यमंत्री का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि परिवारों ने 1984 के दंगों का दर्द दशकों तक झेला है। यह कदम उन्हें कुछ सहारा और पहचान देगा



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