दिल्ली के नर्सिंग कर्मचारियों ने अपनी मांगों को लेकर जंतर-मंतर पर किया प्रदर्शन
- Jantantra Live

- 6 जन॰
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कहा-प्रमोशन में नियम नहीं, इक्वलिटी की जानी चाहिए

नई दिल्ली। देश की राजधानी दिल्ली पिछले कई दिनों से प्रदूषण की मार झेल रही है वहीं अब डॉक्टर भी हड़ताल पर जाने की सरकार को चेतावनी दे रहे हैं। दिल्ली के जंतर-मंतर पर आॅल इंडिया नर्स फेडरेशन के बैनर तले मंगलवार को सैकड़ों की संख्या में दिल्ली के प्रमुख अस्पतालों के नर्सिंग कर्मचारियों ने अपनी मांगों को लेकर धरना प्रदर्शन दिया। इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में महिला कर्मचारियों ने भी भाग लिया।
देश की राजधानी के अलावा अलग-अलग राज्यों से अस्पतालों के नर्सिंग स्टाफ भी धरना प्रदर्शन में शामिल हुए। दिल्ली की आरएमएल अस्पताल की नर्स ने बताया कि हम लोगों ने एक जनवरी से लेकर पांच जनवरी तक ब्लैक बैजेस लगाकर अपना विरोध जाहिर किया था। आज हमने जंतर-मंतर पर अपना धरना नियुक्त किया था। अपनी मांगों को लेकर हम लोग यहां पर धरना दे रहे हैं। यहां पर अलग-अलग राज्यों से नर्सिंग कर्मचारी आए हैं।
महिला नर्स ने कहा कि यह हमारा प्रदर्शन आउटसोर्सिंग और प्रमोशन के लिए है। प्रमोशन में नियम नहीं होना चाहिए इक्वलिटी होनी चाहिए। क्योंकि सभी लोग नर्स का काम करते हैं, ऐसे में सभी को समानता का अधिकार मिले। अगर हमारी मांगे नहीं मानी गई तो 5 फरवरी को पूरे देश में एक बड़ा प्रदर्शन देखने को मिलेगा। एक अन्य नर्स का कहना है कि सरकार अस्पतालों में ठेकेदारी प्रथा पर कर्मचारियों को रख रही है। उससे स्वास्थ्य विभाग पर कुछ फर्क नहीं पड़ने वाला है। क्योंकि जो कर्मचारी कॉन्ट्रैक्ट बेस पर रखे जाते हैं, उन्हें नर्सिंग स्टाफ का काम करने का एक्सपीरियंस बहुत काम रहता है, इससे लोगों की जान को खतरा भी रहता है। सरकार से मांग है कि ठेकेदारी प्रथा को खत्म किया जाए खासकर अस्पतालों से।



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